महराजगंज: जिले में फर्जी और तथाकथित डॉक्टरों की भरमार ने स्वास्थ्य प्रणाली की पोल खोल दी है। हालात यह हैं कि पांच वर्ष पहले महराजगंज पुलिस द्वारा धोखाधड़ी मामले में गिरफ्तार कर जेल भेजा गया 12 हजार रुपये का इनामिया आरोपी आज वह  ‘डॉक्टर’ बनकर मरीजों की जान के साथ खिलवाड़ कर रहा है।

जिला मुख्यालय के नजदीक स्थित एक निजी अस्पताल में यह व्यक्ति खुद को प्रशिक्षित डॉक्टर बताकर खुलेआम इलाज कर रहा है। Uptv से बातचीत के दौरान जब पुरानी आरोपों पर सवाल पूछा गया तो आरोपी हिल्‍ला-हवाली करते हुए बचने लगा, इसके अलावा बिना किसी प्रशिक्षण के उक्त आरोपी मरीजो का धड़ल्ले से इलाज कर रहा है।

स्वास्थ्य विभाग की विफलता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि आरोपी अक्सर स्वास्थ्य विभाग के दफ्तरों में आता-जाता है और अधिकारियों के साथ घुलता-मिलता दिखाई देता है, बावजूद इसके उस पर कोई कार्रवाई नहीं होती।

चर्चाओं के बाद विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने दो दिन पूर्व जिलाधिकारी व CMO को लिखित शिकायत देकर आधा दर्जन अस्पतालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। अब देखना यह होगा कि विभाग शिकायत पर कठोर कार्रवाई करता है या फिर जांच के नाम पर मामले को ठंडे बस्ते में डाल देता है। महराजगंज का स्वास्थ्य सिस्टम इस समय गंभीर सवालों के घेरे में है।

हालांकि इस पूरे मामले में उक्त तथाकथित डॉक्टर से फ़ोन पर जानकारी लेने का प्रयास किया गया तो उक्त तथाकथित ने सारा मामला समाप्त होने की बात कही इसके अलावा चिकित्सकीय पेशे से जुड़े डिग्री की बात पर तथाकथित डॉक्टर फ़ोन काट भागते नजर आया।

अगले अंक में उक्त तथाकथित डॉक्टर के 12 हजार इनामिया आरोपी की सम्पूर्ण कुंडली।

You missed

error: Content is protected !!